Friday, June 26, 2015

नाहरसिंह वीर साधना

Veer sadhna ..

नाहरसिंह वीर साधना
नाहरसिंह वीर किसी भी बड़ी से बड़ी भूत प्रेत आदि समस्या का तुरंत निपटारा करने में सक्षम है ! सिद्ध होने के बाद यह वीर पूर्ण रूप से आज्ञाकरी होता है ! यह साधना हिमाचल प्रदेश और हिमाचल के साथ सटे पंजाब के इलाके में अधिक प्रचलित है ! यही वीर सिद्ध बाबा बालक नाथ जी के मंदिर के बाहर पहरा देता है और उनके भक्तो की समस्याएँ दूर करता है ! नाहरसिंह वीर की साधना करने के बाद व्यक्ति बड़े से बड़े कार्य को भी बड़ी आसानी से सिद्ध कर सकता है ! इस साधना में वीर प्रत्यक्ष होता है !
|| मन्त्र ||
वीर दा वीर बाबा बडभाग सिंह दा वजीर
हाजिर हो मेरे नाहरसिंह वीर
|| विधि ||
इस मन्त्र की प्रतिदिन 21माला जाप करे ! माला कोई भी इस्तेमाल कर सकते है और आसन का भी कोई विधान नहीं है ! किसी उजाड़ स्थान में रात्रि 10 बजे के बाद आसन लगाये और आसन जाप पढ़ शरीर कीलन मन्त्र जपे और अपने चारों तरफ रक्षा घेरा बनाये !
उस घेरे के अन्दर मिटटी के बर्तन में शराब रखे और सरसों के तेल का दीपक जलाये ! फिर गुरु मन्त्र का जाप करे और गुरुदेव से मन्त्र जप की आज्ञा ले !
उसके बाद गणेश पूजन करे और मन्त्र जप करे ! जाप समाप्त होने तक किसी भी हालत में बाहर न आये, कुछ डरावने अनुभव होंगे
यह क्रिया आपको पूरे 41 दिन करनी है !
जब वीर प्रत्यक्ष हो तो वीर से इच्छित वर मांग ले और इस साधना और सिद्धि की चर्चा और अपना अनुभव गुप्त रखे ! इस साधना को भूलकर भी अपने घर में न करे !
इस साधना के दम पर आप अपने शत्रुओं को परास्त कर सकते है और अपने बहुत से रुके हुए कार्य करवा सकते है ! यह साधना बहुत उग्र है इसलिए गुरु आज्ञा से ही करे ! साधना के दौरान कुछ आवाजें सुनाई देगी पर कुछ दिनों के बाद सब शांत हो जायेगा !

।। मन्त्र ।।
लौन्कडिया वीर भागे भागे आओ
दौड़े दौड़े आओ, जैसे दुर्गा द्वारे कूदे
वैसे मेरे द्वारे कूदो
रावण जी के सेनापति पाताल के राजा
देखा लौन्कडिया वीर तेरी हजारी का तमाशा!
।। साधना विधि ।।
इस साधना को आप किसी भी दिन से शुरू कर सकते है !
आसन पर बैठकर आसन जाप पढ़े और शरीर कीलन कर रक्षा घेरा बनाये !
एक तेल का दीपक जलाएं और गुरुदेव से आज्ञा लेकर गुरुमंत्र जपे और गणेश जी का पूजन करे , फिर इस मन्त्र का 15 माला जाप करे !
यह क्रिया आपको 41 दिन करनी है ! हररोज दूध में जलेबी उबालकर पूजा के समय पास रखले और बाद में उजाड़ स्थान पर रख आये !
अंतिम दिन किसी ११ साल के लड़के को एक गुली डंडा और दक्षिणा दे!
।। प्रयोग विधि ।।
लौन्कडिया वीर से जब भी कोई काम करवाना हो तो जलेबी को दूध में उबालकर भोग तैयार करले और एक माला मन्त्र की जपकर कार्य बोल दे और सामग्री उजाड़ स्थान में रखे

रखता वीर

|| मन्त्र ||
रखता वीर लै कर्द कलेजा चीर
मेरा वैरी तेरा भछ
ताइओ मुड़ी पीके रत्त
चले मन्त्र फुरे वाचा
देखां रखता वीर तेरी हाजरी का तमाशा !

|| विधि ||
प्रतिदिन रात्रि 10 बजे आसन पर बैठे और आसन जाप और शरीर कीलन मंत्र पढकर रक्षा घेरा बनाएँ ! उसके बाद गुरु पूजन और गणेश पूजन करे और उनसे मंत्र जप की आज्ञा ले ! फिर अपने सामने उबले हुए चावलों में पांच चम्मच घी और पांच चम्मच शक्कर मिलाकर मिटटी के बर्तन में रखे और थोड़ी सी शराब भी मिटटी के बर्तन में रखे ! अब ऊपर दिए मंत्र का ढाई घंटे जप करे , जप के दौरान किसी भी हालत में रक्षा घेरे से बाहर ना आयें ! यह साधना किसी नदी के किनारे या उजाड़ स्थान में करे और इस पूरी क्रिया के दौरान गाय के घी का दीपक जलता रहना चाहिए ! यह साधना आपको 41 दिन करनी है !

|| प्रयोग विधि ||
जब भी कोई काम करवाना हो तो इसी प्रकार मिटटी के बर्तन में सारी सामग्री और शराब उजाड़ स्थान में रखे और 11 बार मंत्र पढ़कर अपना कार्य बोल दे , आपका कार्य सिद्ध हो जायेगा ! यदि वीर प्रत्यक्ष हो जाएँ तो उसे जाहरवीर बाबा और गुरु गोरखनाथ जी की कसम खिलाकर अंगूठे पर स्थापित होने के लिए कहे और यह वचन ले कि जब भी मैं चुटकी बजाकर कोई कार्य कहूँगा उस कार्य को सिद्ध करना पड़ेगा !

चेतावनी – यह एक तीव्र साधना है इसलिए इसे गुरु आज्ञा से ही करे ! किसी भी तरह के फायदे और नुक्सान की जिम्मेदारी हमारी नहीं है !
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सुलेमान पैगम्बर साधना
सुलेमान पैगम्बर को भला कौन नहीं जनता ? सुलेमान पैगम्बर परीयों के बादशाह कहे जाते है !
उनकी साधना करने के बाद परीया आसानी से सिद्ध की जा सकती है !
सिर्फ परीया ही नहीं सुलेमान पैगम्बर के सिद्ध हो जाने के बाद आप भूत प्रेत और जिन्नातो से भी अपना मनचाहा कार्य बलपूर्वक करवा सकते है !
यह साधना बहुत पाक साफ़ रहकर की जाती है !
।। मन्त्र ।।
सात आसमानों से आया हजरत सुलेमान साथ आई छे परिया
लाल परी, इंद परी, हूर परी, नूर परी, शाह परी, सफ़ेद परी के साथ अदब से खडी
हाथो में करामात की छडिया, कैसी कैसी करामात दिखाए,
आशिक माशूक को वश कर लाये, भूत प्रेत को मार भगाए,
देव दानव को संगल पाए,चार कूट की खबर लगाये,
चले मन्त्र फुरे बादशाह देखां सुलेमान पैगम्बर तेरी कलाम का तमाशा!
बोल भाई अल्लाह ही अल्लाह !
।। विधि ।।
यह मन्त्र शुक्ल पक्ष के किसी भी गुरुवार या शुक्रवार से शुरू किया जा सकता है ! साधना के दौरान आप लाल कपडे पहने और लाल आसन पर बैठकर सरसों के तेल का दीपक जलाये ! लाल हकीक की माला से इस मन्त्र का सात माला जाप करे !पहले और आखरी दिन सवा किलो पीले चावल बनाकर बांटे ! यह क्रिया आपको 41 दिन करनी है ! यदि सुलेमान पैगम्बर दर्शन दे तो इच्छित वर मांगले !

9 comments:

  1. mujhe esi koi sadhna batae jo bina guru ji ke ho mere koi guru nhi hai or mai achai karna chahta hu jai bholenath

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    1. तो आप अपने इष्टदेव ओर माता पिता की सेवा करे आपके लिए वो ही साधना पुणे है बहुत कुछ मिल जायेगा

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  2. mere brother pe nahar singh g ate hai par buri shaktiyo ke rup me matlab jab se aye tabse hamare ghr me koi na koi problem hoyi to pls iska koi ilaaj hai

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    1. जी प्रभु पर हो सकता है नाहर सिहंजी का नाम लेकर कोई प्रेतात्मा आती हो आप सभी उस बात से अंजना हो

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    2. माफी चाहते है देवी जी आपको प्रभु कहाँ इसलिए

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    3. मैं गोविंद नाथ देवड़ा आपसे अनुरोध करता हूं कि मैं नाहर सिंह जी वीर साधना करना चाहता हूं कृपया आप मुझे गुरु दीक्षा देने का कष्ट करेंगे कृपया रिप्लाई देने का कष्ट करें

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  3. मैं गोविंदा देवड़ा आपसे अनुरोध करता हूं कि मैं नाहर सिंह जी वीर साधना करना चाहता हूं क्या आप मुझे गुरु दीक्षा देने का कष्ट करेंगे कृपया रिप्लाई देने का कष्ट करें

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  4. 8192940461
    गणेश बाजपेई जी 🙏🏻 में कुछ पुछना चाहता हूं

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  5. Guru Gorakshnath ji ki sadhana karo, saare veer aur nath ke darshan ho jayenge. Yeh bahut hi aasaan aur jaldi puri hone wali sadhana hai.

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